अभिषेक शाही ‘राजवंश’ – बेलघाट का जनप्रतिनिधि, परंपरा और परिवर्तन का सेतु

गोरखपुर जनपद के बेलघाट क्षेत्र से संबंध रखने वाले अभिषेक शाही ‘राजवंश’ उत्तर प्रदेश की राजनीति और समाजसेवा में एक प्रमुख नाम हैं। वर्तमान में वे लोक जनशक्ति पार्टी (LJP) के उत्तर प्रदेश अध्यक्ष हैं। भले ही वे अभी गोरखपुर शहर में निवास करते हैं, लेकिन उनकी योजनाएं, सोच और समर्पण अपने मूल गाँव बेलघाट, सिकरीगंज और उसके आसपास के ग्रामीण क्षेत्र के विकास के लिए पूरी तरह समर्पित हैं।

 

 

 

 

पारिवारिक पृष्ठभूमि और व्यक्तिगत परिचय

अभिषेक शाही ‘राजवंश’ का जन्म ग़ाज़ीपुर के गोपालपुर राज्य से जुड़ी एक प्रभावशाली राजपरिवार में हुआ। वे उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और दो बार पश्चिम बंगाल के राज्यपाल रहे त्रिभुवन नारायण सिंह के प्रपौत्र हैं। उनके पिता श्री जयचंद शाही, एक सेवानिवृत्त I.E.S अधिकारी और पूर्व DRM (वाराणसी) रह चुके हैं। माता श्रीमती चित्रा रेखा शाही राजवंश (राजमाता, नारायणपुर) CRPSSS (NGO) की संस्थापक अध्यक्ष हैं और सामाजिक कार्यों में सक्रिय हैं।

 

 

सम्मान और सामाजिक सहभागिता

अभिषेक शाही को समाजसेवा और युवाओं से जुड़ाव के कारण अनेक मंचों से सम्मानित किया गया है।

  • उन्हें “U.P. Youth Sensation” का खिताब गोरखपुर में आयोजित एक समारोह में प्रदान किया गया, जिसमें टीवी अभिनेत्री परुल चौहान, वरिष्ठ अधिकारी व जनप्रतिनिधिगण मौजूद रहे।
  • उन्होंने बेलघाट क्षेत्र में 5000 से अधिक वृक्षारोपण कराया, जिसमें तत्कालीन मंत्री श्री रामपाल, पूर्व सांसद व कृषि से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
  • वे CRPSSS जैसे सामाजिक संगठनों से जुड़कर ज़मीनी स्तर पर सामाजिक परिवर्तन में सक्रिय भूमिका निभाते हैं।
  • उन्हें उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा भी उनके सामाजिक योगदान के लिए सम्मानित किया गया है।

 

भविष्य की योजनाएं और दृष्टिकोण

हालाँकि अभी वे गोरखपुर शहर में निवास कर रहे हैं, लेकिन बेलघाट और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को लेकर उनकी योजनाएं बेहद स्पष्ट और ठोस हैं:

 

  1. रोज़गार सृजन के लिए उद्योग:
    वे चाहते हैं कि क्षेत्र में केंद्र सरकार की सहायता से लघु व मध्यम स्तर के उद्योग स्थापित हों ताकि स्थानीय युवाओं को रोज़गार मिल सके।
  2. पर्यटन को बढ़ावा:
    उन्होंने बेलघाट में एक ग्रामीण परिवेश वाला रिज़ॉर्ट विकसित करने की योजना बनाई है — जिसमें झोपड़ी शैली की कॉटेज, स्विमिंग पूल और ग्रामीण अनुभव शामिल होंगे। यह न केवल पर्यटन को बल देगा बल्कि स्थानीय लोगों को आजीविका भी प्रदान करेगा।
  3. शिक्षा के क्षेत्र में सुधार:
    वे क्षेत्र में इंग्लिश मीडियम स्कूल और डिग्री कॉलेज की स्थापना कर युवाओं को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराना चाहते हैं।
  4. कृषि आधारित योजनाएं:
    अभिषेक शाही ने खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय और उद्यान विभाग के माध्यम से किसानों के लिए योजनाएं लागू कराने हेतु केंद्र व राज्य सरकार को प्रस्ताव भी दिए हैं।

 

 

प्रस्तावित ज़िले का समर्थन

अभिषेक शाही ‘राजवंश’ ने बड़हलगंज, गोला, सिकरीगंज, खजनी और बेलघाट को मिलाकर प्रस्तावित नए ज़िले के गठन का समर्थन किया है। उनका मानना है कि यदि ज़िले का मुख्यालय बेलघाट क्षेत्र में स्थापित हो, तो क्षेत्रीय विकास को अभूतपूर्व गति मिलेगी — प्रशासन, शिक्षा, स्वास्थ्य और आधारभूत ढांचे में।

 

रुचियाँ और व्यक्तिगत शैली

अभिषेक शाही को घुड़सवारी, तैराकी और गोल्फ का शौक है। वे राष्ट्रीय स्तर के गोल्फ खिलाड़ी हैं और युवा वर्ग में लोकप्रियता के चलते All India State Families Association के संस्थापक निदेशक भी हैं, जो रियासती परिवारों को एक मंच पर लाने का प्रयास करता है।

 

अधिक जानकारी के लिए निचे PDF फाइल डाउनलोड कर के देख सकते हैं।
Abhishek Shahi Rajvansh

 

Belghat.com की ओर से उन्हें शुभकामनाएँ — और आशा है कि उनका यह सफर बेलघाट और प्रदेश दोनों के लिए नई दिशा लेकर आएगा।

 

#AbhishekShahiRajvansh #बेलघाट #गोरखपुर #GraminVikas #RuralDevelopment #LokJanShaktiParty
#YouthLeadership #SocialService #TreePlantation #EnvironmentCare #PoliticalAwareness
#UPPolitics #BharatiyaRajniti #पर्यावरण_संरक्षण #युवा_नेता #सामाजिक_सेवा #BJPAllies
#GorakhpurNews #BelghatNews #पूर्वांचल #उत्तरप्रदेश_विकास #UPYouth #AbhishekShahi #Belghat #YouthInPolitics #RuralIndia #GreenUP #PoliticalJourney #TreeForFuture #SocialChange #UPYouthVoice #EnvironmentHero

 

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *