बेलघाट विकास खंड के अंतर्गत त्रिलोकपुर ग्राम पंचायत में मनरेगा योजनाओं के संचालन में गंभीर अनियमितता का मामला सामने आया है। जानकारी के अनुसार, बीते तीन दिनों से कार्यस्थल पर बिना किसी वास्तविक कार्य के केवल फोटो खींचकर लगभग 80 मजदूरों की फर्जी उपस्थिति पोर्टल पर दर्ज की जा रही थी।
इसकी सूचना मिलते ही खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) सतीश सिंह ने तत्काल मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। जांच के दौरान पाया गया कि कार्य स्थल पर कोई मजदूर मौजूद नहीं था और न ही कोई कार्य प्रगति पर था। इस अनियमितता की पुष्टि होने पर बीडीओ ने तुरंत फर्जी हाजिरी को निरस्त करने का आदेश दिया।
बीडीओ सतीश सिंह ने इस तरह की लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए कहा कि मनरेगा का उद्देश्य ग्रामीणों को रोजगार मुहैया कराना है, और इसके तहत संचालित विकास कार्यों को पारदर्शिता के साथ संपन्न कराना ग्राम प्रधान व संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में यदि इस प्रकार की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
Source: Ashutosh Mishra
